Jaane

MITRAZ

Composição de: Pratik Singh/Anmol Ashish
हाँ, आने से तेरे ये लम्हा थम गया
तेरे ख़ामोशियों में मैं गुम गया
किधर जाऊँ मैं? अब तू ही बता
तेरे ही दर पे आके मैं खड़ा

हाँ, ओ, जाने तेरी याद आए
दिल पे मेरे बस तू ही छाए
ओ, जाने तेरी याद आए
दिल पे मेरे बस तू ही छाए

हाँ-हाँ, हर रात, हर दिन बर्बाद तेरे बिन
गुज़ारे मैंने पल, बरसातें गिन-गिन
हाँ, तेरे ख़यालों में डूबा रहा
अनजान चेहरों में तुझे खोजा भी ना

क्या फ़रक मुझे पड़े तेरे साए का
गुमशुदा हो रहा परछाई सा
तेरा पता मेरे दिल को मिला ना

आने से तेरे ये लम्हा थम गया
तेरे ख़ामोशियों में मैं गुम गया
किधर जाऊँ मैं? अब तू ही बता
तेरे ही दर पे आके मैं खड़ा

हाँ, ओ, जाने तेरी याद आए
दिल पे मेरे बस तू ही छाए
ओ, जाने तेरी याद आए
दिल पे मेरे बस तू ही छाए

फिर क्यूँ आज है अलग सा लग रहा?
दिल क्यूँ बारिश की बूँदों सा बना?
हो, बरस जाऊँ तेरे संग, है दुआ
कि ना कल का कर सकता इंतज़ार

हाँ, ओ, जाने तेरी याद आए (जाने, जाने, जाने, ओ)
दिल पे मेरे बस तू ही छाए
ओ, जाने तेरी याद आए
दिल पे मेरे बस तू ही छाए (दिल पे मेरे)
    Página 1 / 1

    Letras e título
    Acordes e artista

    resetar configurações
    OK